द फॉरेवर पर्ज की इस कहानी में सभी नियमों को तोड़ा जाता है क्योंकि कानून न मानने वाले दंगाईयों का एक संप्रदाय यह तय करता है कि वार्षिक पर्ज सुबह होते ही रोकना नहीं हैं, बल्कि उसे हमेशा शुरू रखना हैं।
द फॉरेवर पर्ज की इस कहानी में सभी नियमों को तोड़ा जाता है क्योंकि कानून न मानने वाले दंगाईयों का एक संप्रदाय यह तय करता है कि वार्षिक पर्ज सुबह होते ही रोकना नहीं हैं, बल्कि उसे हमेशा शुरू रखना हैं।